राजेंद्र पटेल विशेष संवाददाता
पिपरिया के समीप ग्राम सुरेला कलां में गुरुवार-शुक्रवार की दरमियानी रात एक दर्दनाक घटना सामने आई। तेज आंधी के बीच रात करीब 1 बजे घर में सो रहे 33 वर्षीय युवक को जहरीले सर्प या कीड़े ने काट लिया। परिजनों को सही जानकारी न होने के कारण वे तत्काल उसे अस्पताल ले जाने के बजाय झाड़-फूंक करने वाले स्थानीय पंडा के पास ले गए। रातभर हालत बिगड़ती रही, लेकिन उचित चिकित्सा न मिलने से स्थिति गंभीर हो गई।
सुबह लगभग 9 बजे युवक को शासकीय अस्पताल पिपरिया लाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन काफी देर हो जाने के कारण उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। इस घटना से परिवार में मातम छा गया है।
बीएमओ डॉ. ऋचा कटकवार ने बताया कि सर्पदंश जैसे मामलों में समय पर सही इलाज बेहद जरूरी होता है। उन्होंने कहा कि अंधविश्वास और झाड़-फूंक के कारण कई बार मरीज की जान चली जाती है। यदि पीड़ित को तुरंत अस्पताल लाया जाए, तो अधिकांश मामलों में उसकी जान बचाई जा सकती है।










